धुंए में उड़ते कानपुर पर पुलिस की लगाम,नशे के सौदागरों का लगा काम

कहते है जब खांकी अपने आप पर आती है तो अपराधी चाहे छोटा हो या बड़ा, उसे उसकी औकात पता चल ही जाती है। पिछले कई सालों से खादी और खाकी से गुपचुप चल रही गलबहियों की बदौलत नशे के सौदागरों पर आखिरकार नये डीआईजी प्रिंतिदर सिंह की निगाह टेडी क्या हुई मानों पूरे शहर में नशे के सौदागरों क शामत आ गयी। 
पिछले दस दिन में कानपुर पुलिस ने नशे के सौदागरों की कमर तोड़ने में कोई कसर नहीं छोडी हैे। हालाकिं बड़ी लेविल पर अभी नशे के कारोगार को कई लोग अंजाम दे रहे है।
कानपुर का अपराधों और अपराधियों से पुराना नाता रहा है। 90 के दशक में स्मैक, चरस, गांजे के साथ हीरोइन की कुछ पुडिया लेकर युवाओं को इस दलदल में डूबाने वाले ब्रजेन्द्र सोनकaर, सूरज सोनकर को लाला हड्डी के गुर्गो ने शह दी थी। जिसके बाद नशे का कारोबार यहां बड़े स्तर पर शुरू हुआ था।
आज तीस साल बाद नशे के कारोबार का पूरा स्वरूप बदल गया है। कोचिंग हब से लेकर हुक्का बार, गंगा किनारे, कई बड़Þे होटलों में नशे के शौक को पूरा कराने का ठेका लिया जाता है। 
काकादेव में धीरज चढढी के साथ सुशाील बच्चा और उसके मामा ने इस धंधे को बढ़ाया तो कल्याणपुर में हिस्ट्रीशीटर मोहित, गुफरान,और रामा यादव ने गांजा, स्मैक, सट्टे की कमान संभाल ली।कल्याणपुर पुलिस ने जो रेपोर्र्ट dig को भेजी है उसमें इंद्रा नगर और मकड़ीखेड़ा के दो लोग शामिल है। dig को भेजी रिपोर्ट में बताया गया कि कल्याणपुर, बिठूर के कुछ बदमाश पुलिस के लिए फर्जी रूप से 
छोटे मोटे मामलों में किसी निदोष को जेल भेजने के लिये गांजे का इंतजाम भी यहीं लोग करते है। कई मुकदमों के बाद भी ये ंआराम से घूम रहे है। 
वहीं मुस्लिम क्षेत्रों में शीबू, शाहिद पिच्चा समेत  कई नामी बदमाशों के अलावा छोटे छोटे कोरियर इस धंधे में लिप्त है। अरविंद अंडे वाला समेत जूही के 4 बदमाश शामिल है जो बाबूपुरवा में बड़ा जुआ खिलवाते है।
पिछल्ले दस दिनों में शहर पुलिस ने नशे के कारोबार पर बड़ा अटैक किया है। जिसकी प्रशंसा भी हो रही है। डीआईजी प्रिंतिदर सिंह, एसपी बेस्ट अनिल कुमार, एसपी दीपक भूकर, एसपी राजकुमार अग्रवाल के नेतृत्व में बीस से ज्यादा अपराधियों को जेल भेजा गया है। लगातार हो रही कार्यवाही के बाद जनता भी जागरूक हुई है खुद पुलिस को नशे के सौदागरों की सूचना भी दे रही है। अगले अंक में कुछ बड़े नामों का खुलासा करूंगा। ठीक वैसे ही जैसे काकादेव में चल रहे नशे के कारोबार का किया था। जय हिंद
रिपोर्ट विजय सिंह

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